पतिव्रता उर्मिला


श्वेता अरोड़ा

ग्रन्थो मे ग्रन्थ रामायण एक पवित्र ग्रन्थ है,

राजा राम,लक्ष्मण, सीता जी से जुडा एक पवित्र ग्रन्थ है!

पर इसका एक पात्र मुझे झकझोर देता है,

जिसकी कुर्बानी पर ध्यान शायद ही कोई देता है!

पतिव्रता थी वो नारी जो नवविवाहिता होते हुए भी, भ्रात धर्म का पालन करने,जंगल मे स्वामी को अपने भेज देती है,

वचन बद्ध होकर,कर्तव्य पालन करते हुए, याद मे चौदह वर्ष गुजारे,पर आंसू एक नही बहने देती है!

उर्मिला यूं ही नही कहलाती हो,स्वभाव मे अपने विनम्रता भरकर सब उर्मिल कर जाती हो!

तेरी तपस्या ये संसार भूल ना पाएगा,जब जब आएगा नाम लखन का,स्मरण तेरा खुद-ब-खुद हो जाएगा!

राम भक्त लक्ष्मण की भार्या नमन है आपको बारंबार! 


                                      

Popular posts
भोजपुरी भाषा अउर साहित्य के मनीषि बिमलेन्दु पाण्डेय जी के जन्मदिन के बहुते बधाई अउर शुभकामना
Image
सफेद दूब-
Image
अभिनय की दुनिया का एक संघर्षशील अभिनेता की कहानी "
Image
स्वयं सहायता समूह ग्राम संगठन का गठन
Image
अस्त ग्रह बुरा नहीं और वक्री ग्रह उल्टा नहीं : ज्योतिष में वक्री व अस्त ग्रहों के प्रभाव को समझें
Image