ज़िन्दगी

ज़िन्दगी समय समय पर 
कई रंग दिखाएगी  ||
कभी रूलाएगी 
कभी हँसायेगी ||
जो खामोशी से सह गया 
वो निखर जाएगा |
जो भवनाओं मे बह गया
वो बिखर जाएगा  ||
अाओ ज़िन्दगी को गाते चले |
कुछ बोल मीठे बोलते चले |
जीवन के इन पन्नो को प्यार से भरते चले ||
कभी हॅस के कभी रो के 
कभी रूठ के कभी मना के 
जीवन के पन्ने यूही प्यार के रंग से भरते चले ||
ज़िन्दगी समय समय पर कई रंग दिखाएगी  ||
कभी रूलायेगी कभी हँसायेगी |
ज़िन्दगी समय समय पर कई रंग दिखाएगी  ||
                     ---- बीना द्विवेदी


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